"10 दिन में तीसरा महंगाई बम — जनता की जेब पर डाका, कॉरपोरेट की तिजोरी में प्यार"
कोरबा (अपना आवाम न्यूज)
सीपीआई राज्य परिषद सदस्य पवन कुमार वर्मा ने कहा कि 10 दिन में तीसरी बार पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाकर सरकार ने साफ कर दिया — उसकी हमदर्दी जनता से नहीं, कॉरपोरेट मुनाफे से है।
*आंकड़े बोलते हैं:* 2014 में कच्चा तेल $105-108 प्रति बैरल था, तब डीजल ₹55, पेट्रोल ₹71 लीटर था। मई 2026 में कच्चा तेल $103 प्रति बैरल है, फिर भी डीजल ₹94 और पेट्रोल ₹107 लीटर बिक रहा है। *ऐसा क्यों?*
रुपया गिर रहा है, महंगाई कमर तोड़ रही है, बेरोजगारी युवाओं का भविष्य निगल रही है। पेपर लीक से शिक्षा बदनाम, खनिज तस्करी से आदिवासी बेघर, और धार्मिक तनाव से समाज में जहर घोला जा रहा है।
दुर्भाग्य है कि कांग्रेस-भाजपा दोनों जनमुद्दों को छोड़ ‘पुतला-पुतला’ खेल में मग्न हैं। जनता रोजगार, महंगाई, शिक्षा के लिए तरस रही है और ये दल आरोप-प्रत्यारोप से ध्यान भटका रहे हैं। यह लोकतंत्र के साथ धोखा है।
*CPI की 5 सूत्री मांग:*
1. *महंगाई पर लगाम:* पेट्रोल-डीजल GST में लाओ, PDS मजबूत करो, जरूरी चीजों के दाम बांधो।
2. *रोजगार दो:* सार्वजनिक निवेश बढ़ाकर ग्रामीण विकास व रोजगार योजनाएं शुरू करो।
3. *शिक्षा बचाओ:* पेपर लीक की न्यायिक जांच, वैज्ञानिक शिक्षा नीति लागू करो।
4. *खनिज लूट बंद करो:* आदिवासियों के हक सुरक्षित कर पारदर्शी नीति बनाओ।
5. *सद्भाव कायम करो:* नफरत फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई, सांप्रदायिक खेल बंद हो।
सरकार जनहित समितियों के जरिए नीतियों में पारदर्शिता लाए और भ्रष्टाचार पर तत्काल FIR हो।
*जनता से अपील:* अपने हक के लिए जागो। स्थानीय नेताओं से सवाल पूछो। शांतिपूर्ण जनसभाओं से आवाज बुलंद करो। सीपीआई सामाजिक न्याय और देशहित के लिए प्रतिबद्ध है। सभी प्रगतिशील ताकतें सत्ता के सुस्त, तर्कहीन और सांप्रदायिक खेल के खिलाफ एकजुट हों।
*महंगाई हटाओ, देश बचाओ!*
